काग्रेस कार्यकर्ताओं के पास पहुंची गरीब लड़की बताई आपबीती तो कांग्रेस कार्यकर्ताओं के पहल पर प्रेमी प्रेमिका अब बने पति और पत्नी
न्यूज टीम की रिपोर्ट
जी हां बात कुछ अजीबोगरीब सुनने में जरूर लग रहा है पर मामला कुछ ऐसा ही है जहां पुर्व में एक दूसरे से प्रेम करने वाले प्रेमी युगल जोड़ी थाना परिसर के समीप एक मंदिर में एक दूसरे के गले में फूलों की माला डालकर पति-पत्नी बन अपने घर को चले गए।*
इस गांव का है मामला जहां के प्रेमी युगल वर्षों से करते थे एक दूसरे से प्रेम
मामले के संबंध में यहां तक चर्चा है कि लड़के ने लड़की से पहले ही उसके घर पर मंदिर में किया था शादी प्रेमिका पहनती थी उसके नाम का सेन्दूर मामला चौरीचौरा थाना क्षेत्र के ग्राम सभा मुहम्म्द पुर बरगदही का बताया जा रहा है जहां कि रिंकी गौतम पुत्री रामपति और उसी गांव के ही राहुल गौतम पुत्र दीनानाथ के बीच लगभग आठ बर्षो से प्रेम संबंध चल रहा था दोनों एक दूसरे से छिप छिपा कर मिलते जुलते रहे,उधर राहुल कुछ महीने पुर्व जब पिड़िता रिंकी की मां की मृत्यु हो गई तो इसे दगा देकर बाहर कमाने जाने लगा जिसकी जानकारी जब रिंकी को हुई तो उसने पूछा कि हमें छोड़कर क्यों जा रहे हो तो प्रेमी राहुल रिंकी को मार पीटकर उससे संबंध तोड़ने की बात कह उल्टा सीधा हरकत कर बाहर का रास्ता अख्तियार कर लिया जिसकी शिकायत रिंकी द्वारा डायल 112पर कर न्याय की गुहार लगाई गई और एक प्रार्थना पत्र भी लिखित थाने पर दिया गया।
यह रहा पिड़ित लड़की द्वारा दिया गया थाने पर प्रार्थना पत्र
सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों को थाने बुलाया मामला ना बनता देख चार दिन सोचने समझने का समय दे दोनों के परिवार वालों के जिम्मे लगा दिया, दोनों ने बिना जोर दबाव शादी को राजी होगए और इसकी जानकारी थाने पर देकर थाना परिसर के समीप एक मंदिर में ही सिंदूर दान कर बर माला एक दूसरे के गले में डालकर बतौर पति-पत्नी के रूप अपने जिवन बीताने का फैसला लेकर थाने में सहमति पत्र देकर चले गए।
कुछ ऐसे दोनों ने थाने पर लिखित दिया सहमति पत्र
इसी कांग्रेस की महिला नेता से पिड़िता ने लगाया था कुछ ऐसे मे गुहार जिसके चलते मिला पिड़िता को न्याय
जी हां आपको बताते चलें कि कांग्रेस पार्टी की नेतृत्व करने वाली स्नेह लता गौतम के सराहनीय पहल से दोनों परिवारों में बरकरार हुआ खुशी शायद उनकी पहल नहीं होती तो इन दोनों प्रेमी प्रेमिका की जिंदगी में खुशियां नहीं होती क्योंकि कि लड़के और लड़की का प्रेम जगजाहिर रहा लड़के के मन में जो भ्रान्ति पनप रहा था उससे इन दोनों में कटुता ही पनप रही थी जो लाजमी भी था कि किसी के इज्जत से जो युवक ने खिलवाड़ किया था चर्चा है कि गलतियां दोनो की थी जो उस उम्र में कर बैठे पर सही समय से जो न्याय के दरबार में न्याय हुआ और दोनों पति-पत्नी के रूप में सहमति पत्र थाने को सौंप घर ग्रे यह चर्चा का विषय बना है जो आने वाले प्रेमी-युगलों के लिए एक नजीर बना है।