बवासीर में कारगर है होमियोपैथी दवाए अक्सर घर-घर में पाई जाने वाली एक दर्दनाक बीमारी बवासीर के बारे में आप सभी मित्रों को बताते चलें कि आजकल बवासीर की समस्या सामान्य हो गई है। व्यस्त जीवन शैली,गलत खानपान, भोजन में अत्यधिक मसाले का प्रयोग, चटपटा भोजन करना, जंक फूड का अधिक से अधिक इस्तेमाल करना, कसरत मेहनत ना करना इत्यादि इसके कई कारण हो सकते हैं।जाजानकारी निमित्त बवासीर, जिसे पायल्स, हेमोरोइड्स और मुलव्याधि भी कहा जाता है, एक भयानक रोग है। यह एक कष्टकारी समस्या है जो दुनिया भर में कई लोगों को प्रभावित करती है। आंतरिक, बाहरी या दोनों प्रकार का हो सकता है जिसमें दर्द,जलन,खुजली,खून गिरना और सूजन इत्यादि लक्षण दिखाई देते हैं।
शर्म छोड़ समय रहते चिकित्सक से करे संपर्क
जानकारी हेतु बताते चले कि शुरू में शर्म के मारे चिकित्सक को दिखाने में हीला हवाली करने पर बाद में यह विकट रूप धारण कर भयंकर कष्ट का कारण बन सकता है।
बवासीर होने के कुछ खास प्रमुख है यह कारण
बवासीर होने के कारण कई हो सकते हैं। इनके बारे में जानकारी हमे सतर्क रहने में मदद कर सकती है।
बवासीर के पांच मुख्य कारण हैं:
✓मल त्याग करते समय जोर लगाना
✓अव्यवस्थित जीवनशैली
✓ अपेक्षाकृत पानी कम पीना
✓ आहार में फाइबर की कमी
✓मोटापा
✓गर्भावस्था
बवासीर रोग के यह है कुछ खास लक्षण
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बवासीर को उसकी गंभीरता और अन्य कारकों के आधार पर दो प्रमुख प्रकारों में वर्गीकृत किया जा सकता है। वे दो प्रमुख प्रकार हैं – खूनी बवासीर व बादी बवासीर
1. खूनी बवासीर
बवासीर उभरती हुई और सूजी हुई नसों के कारण आंतरिक या बाहरी गुदा में होती है। ब्लीडिंग बवासीर उन फूली हुई नसों के टूटने से होती है जो बार-बार मल त्याग करने या बैठते समय फट जाती है।
✓✓ खूनी बवासीर से बचने के लिए निम्नलिखित सावधानियां अपनानी चाहिए:
1–प्रतिदिन खूब पानी पिएं और हाइड्रेटेड रहें
2–फाइबर युक्त आहार लें
3–मल त्याग करते समय जोर न लगाएं
4–नियमित व्यायाम करें
5–लंबे समय तक बैठे न रहें
खूनी बवासीर का इलाज
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इसके उपचार की विधि समस्या की गंभीरता पर निर्भर करती है। हल्के मामलों में, दवाइयों और दवाओं का उपयोग करके सूजन को कम करने में मदद मिल सकती है। होम्योपैथिक विभाग के द्वारा खूनी बवासीर को जड़ से ठीक किया जा सकता है बुशरती है इसके लिए मरीज को धैर्यपूर्वक काफी दिनों तक इस बीमारी का इलाज करवाना चाहिए और चिकित्सक से बिना पूछे दवा नहीं बंद करना चाहिए।
2. बादी बवासीर
बादी बवासीर एक गंभीर मलाशय संबंधी समस्या होती है, जिसमें मलाशय की नसें सूज जाती हैं और मलाशय से बाहर लटकती हैं। अंग्रेजी में यह “Grade 3 or Grade 4 hemorrhoids” के रूप में भी जाना जाता है।