काम करते समय करंट के चपेट से संविदा लाइनमैन झुलसा हुआ दर्दनाक मौत, परिजनों का रो रोकर हुआ बुरा हाल

श्रीनिवास तिवारी की खास रिपोर्ट
हाटा कुशीनगर स्थानीय नगर पालिका के वार्ड नं 20 गोपालनगर में रविवार का दिन एक परिवार के लिए कभी न भरने वाला जख्म बन गया। हाटा 33 केवीए बिजली उपकेंद्र से जुड़े संविदा लाइनमैन अमरजीत सिंह की 11 हजार वोल्ट लाइन पर सिंहपुर में काम करते समय करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई। जिस हाथों से वह गांव की रोशनी बहाल करने पहुंचे थे, वही हाथ हमेशा के लिए ठहर गए।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार अमरजीत सिंह ने ट्रांसफार्मर ठीक करने से पहले विधिवत शटडाउन लिया था। सब कुछ सामान्य लग रहा था। वह पोल पर चढ़कर तार दुरुस्त कर ही रहे थे कि अचानक लाइन में तेज करंट दौड़ गया। देखते ही देखते एक तेज धमाका हुआ और अमरजीत चीख तक न निकाल सके। कुछ ही पलों में उनका शरीर बुरी तरह झुलस गया और वह नीचे गिर पड़े। मौके पर मौजूद लोगों की रूह कांप उठी।घायल अवस्था में उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हाटा लाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। यह खबर जैसे ही घर पहुंची, कोहराम मच गया। अमरजीत सिंह वार्ड संख्या 20 गोपालनगर मदरहा के निवासी थे। वह अपने पीछे तीन मासूम बेटियां और एक बेटा छोड़ गए हैं।परिवार की जिम्मेदारियों का बोझ पहले से उनके कंधों पर था। बड़े भाई की सड़क हादसे में मौत के बाद उन्होंने अपने भाई की पत्नी से विवाह कर पूरे परिवार को संभाला था। आज उसी परिवार का सहारा हमेशा के लिए छिन गया।घटना से गुस्साए परिजनों और मोहल्ले के लोगों ने सीएचसी हाटा पर करीब दो घंटे तक शव रखकर प्रदर्शन किया।रोते-बिलखते बच्चों और बेसुध होती महिलाओं का दृश्य देखकर हर किसी की आंखें नम हो गईं। लोगों ने लापरवाही के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों पर मुकदमा दर्ज करने और उचित मुआवजे की मांग की।सूचना पर एसडीएम योगेश्वर सिंह, थाना प्रभारी निरीक्षक संजय दूबे और अन्य अधिकारी पहुंचे। विधायक मोहन वर्मा ने भी मौके पर पहुंचकर परिवार को ढांढस बंधाया। विभाग की ओर से 10 लाख रुपये मुआवजा, बीमा धनराशि और एक आश्रित को नौकरी देने का लिखित आश्वासन दिया गया।एसडीएम ने कहा कि शटडाउन के बावजूद लाइन में करंट कैसे आया, इसकी जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी। काफी समझाने-बुझाने के बाद परिजन शांत हुए। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। गांव में मातम पसरा है और हर आंख में एक ही सवाल है—आखिर इस घटना का असली जिम्मेदार कौन है।