हापुड़ की घटना के विरोध में बांसगांव में लेखपालों का धरना, मुख्यमंत्री को चार सूत्रीय ज्ञापन सौंपा
(बांसगांव गोरखपुर से सुबास चंद की रिपोर्ट )
उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ इकाई बांसगांव के तत्वावधान में सोमवार को लेखपालों ने तहसील परिसर में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन कर सरकारी कार्य का बहिष्कार किया। यह धरना जनपद हापुड़ में लेखपाल सुभाष मीणा की संदिग्ध परिस्थिति में मृत्यु और उनके साथ हुए दमनात्मक व्यवहार के विरोध में आयोजित किया गया।
धरने का नेतृत्व संघ के अध्यक्ष संतोष कुमार राय ने किया। इस दौरान लेखपालों ने उपजिलाधिकारी प्रदीप सिंह को मुख्यमंत्री को संबोधित एक चार सूत्रीय मांग पत्र सौंपते हुए दोषियों के विरुद्ध त्वरित कार्यवाही की मांग की।
ज्ञापन में कहा गया कि हापुड़ जनपद में जिलाधिकारी द्वारा अधीनस्थ कर्मचारियों के प्रति अपमानजनक एवं दमनात्मक व्यवहार और झूठी शिकायतों के आधार पर की गई कार्यवाही के कारण लेखपाल सुभाष मीणा को भारी मानसिक तनाव का सामना करना पड़ा, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। यह घटना पूरे प्रदेश के लेखपालों को झकझोरने वाली है।
ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया कि अधिकारियों द्वारा सोशल मीडिया और मीडिया में पब्लिसिटी पाने की होड़ में तहसील दिवस, थाना समाधान दिवस जैसी बैठकों के दौरान अधीनस्थों को सार्वजनिक रूप से अपमानित किया जा रहा है, जिससे कर्मचारियों में तनाव और अवसाद की स्थिति उत्पन्न हो रही है।
यह है लेखपालों द्वारा सौपी चार सूत्रीय मांग पत्र
1. मृतक आश्रितों को समुचित आर्थिक सहायता दी जाए।
2-मृतक के परिजनों को योग्यता के आधार पर तत्काल सरकारी नौकरी दी जाए
3. घटना की उच्च स्तरीय जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए।
4. सभी अधिकारियों को अधीनस्थ कर्मचारियों से मानवीय और सम्मानजनक व्यवहार करने हेतु स्पष्ट निर्देश दिए जाएं।
इस अवसर पर लेखपाल मुक्तमणि, विवेक रानू, मुकेश कुमार, रोहित श्रीवास्तव, सुशील यादव, विजय सिंह यादव, सुजाता सहित बड़ी संख्या में लेखपाल मौजूद रहे।